बीकानेर:-पार्क भूमि अतिक्रमण मामला: हाईकोर्ट सख्त, प्रशासन को 8 सप्ताह में निर्णय लेने के निर्देश


THE BIKANER NEWS:^बीकानेर/जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने बीकानेर जिले में पार्क के लिए आरक्षित भूमि पर हुए कथित अतिक्रमण के मामले में कड़ा रुख अपनाया है। कोर्ट ने राज्य सरकार और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि याचिकाकर्ता की शिकायत पर कानून के अनुसार आठ सप्ताह के भीतर स्पष्ट और कारणयुक्त निर्णय लिया जाए। इसके साथ ही पीठ ने यह भी स्पष्ट किया है कि पार्क के लिए आवंटित इस भूमि पर कोई नया अतिक्रमण नहीं होने दिया जाए।

क्या है पूरा मामला?
न्यायाधीश मुकेश राजपुरोहित की एकल पीठ में याचिकाकर्ता राधेश्याम किराडू की ओर से अधिवक्ता श्याम सुंदर पालीवाल ने पैरवी की। उन्होंने कोर्ट को बताया कि निजी पक्षकारों ने पार्क के लिए आरक्षित भूमि पर अवैध रूप से अतिक्रमण कर रखा है।
इस मामले की शिकायत मिलने पर प्रशासन ने पहले एक जांच समिति का गठन किया था। समिति ने 9 जुलाई 2025 को अपनी रिपोर्ट पेश की थी, जिसमें यह बात सामने आई थी कि पार्क की भूमि पर न सिर्फ अतिक्रमण है, बल्कि कुछ पट्टे भी जारी कर दिए गए हैं।
निर्देशों की नहीं हुई पालना
जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला परिषद बीकानेर के सीईओ ने 7 अगस्त 2025 को पंचायत समिति के विकास अधिकारी को संबंधित ग्राम पंचायत द्वारा जारी किए गए गलत पट्टों को निरस्त करने के निर्देश दिए थे। हालांकि, प्रशासन की ओर से अब तक इस आदेश की पालना नहीं की गई है।
इसी लापरवाही को देखते हुए हाईकोर्ट ने अब याचिका का निस्तारण करते हुए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया है कि वे 8 सप्ताह के भीतर इस मामले में उचित आदेश पारित करें।





































