Bikaner:-सदियों पुरानी और गौरवशाली ‘तणी तोड़’ परंपरा में इस बार होंगे नवाचार,इन नामो पर बनी सहमति

THE BIKANER NEWS:- बीकानेर। शहर की सदियों पुरानी और गौरवशाली ‘तणी तोड़’ परंपरा इस वर्ष एक नए स्वरूप, भव्यता और नवाचारों के साथ आयोजित की जाएगी। आयोजन को लेकर गुरुवार दोपहर 3 बजे नत्थूसर गेट स्थित नरसिंह मंदिर में नत्थूसर गेट मोहल्ला समिति द्वारा एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।

तणी तोड़ने वालों के नामों पर चर्चा
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान समिति के नवनीत पुरोहित ने बताया कि नत्थूसर गेट के बाहर होने वाले आयोजन को इस बार अधिक व्यवस्थित बनाने के लिए विशेष कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने जानकारी दी कि तणी तोड़ने के लिए मोहित जोशी और गिरिराज जोशी के नाम सामने आए हैं। ,इस आयोजन में अधिकृत व्यक्ति ही तणी तोड़ने के पात्र होंगे। पूर्व पार्षद नरेश जोशी ने परंपरा का उल्लेख करते हुए बताया कि इस आयोजन में वर्षों से जोशी जाती से जुड़े युवक को तणी को तोड़ते(काटने) के लिए आमंत्रित किया जाता है और किराडू समाज द्वारा कंधा देने की विशेष भूमिका निभाई जाती है। जो युवक तोड़ने के लिए ऊपर चढ़ता है उसके हाथ मे बिना धार की तलवार(गुप्ती) होती है और जो तणी बांधी जाती है वो मुज्ज् से बनती है जिसको कई दिनों तक पानी मे भिगो कर रखा जाता है
इस वर्ष के प्रमुख नवाचार और व्यवस्थाएं
आयोजन समिति ने इस बार लोक परंपरा को वैश्विक पहचान दिलाने और व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के लिए कई बदलाव किए हैं,कार्यक्रम से पूर्व ही पूरे आयोजन स्थल को पारंपरिक ढंग से सजाया जाएगा।
विशेष अतिथि स्टेज: समाज के प्रबुद्ध जनों, जननेताओं और प्रशासनिक अधिकारियों के लिए एक ऊंचा स्टेज बनाया जाएगा जहा पर बैठकर वो इस आयोजन का लुफ्त उठा सके
मीडिया गैलरी: देश-दुनिया तक इस परंपरा को पहुँचाने के लिए मीडियाकर्मियों हेतु तणी के ठीक सामने वाली छत पर बैठने और कवरेज करने के विशेष इंतजाम किए गए हैं।
यातायात प्रबंधन: भीड़ नियंत्रण के लिए प्रशासन के सहयोग से कार्यक्रम शुरू होने से 2 घंटे पहले ही दोनों तरफ से वाहनों का आवागमन पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में ये रहे मौजूद
बैठक के दौरान नवनीत पुरोहित, प्रेम रतन जोशी (उस्ताद), नरेश जोशी, गिरिराज किराडू, सुनील जोशी (सोनू), मोहित जोशी, मोहित गोस्वामी, ऋषभ जोशी, एम के बन्ना, मनीष पुरोहित, योगेश पुरोहित, कुणाल जोशी और राधेश्याम व्यास सहित मोहल्ला समिति के अनेक सदस्य उपस्थित रहे।
आयोजन समिति का मुख्य उद्देश्य इस ऐतिहासिक विरासत को सुरक्षित और उल्लासपूर्ण तरीके से संपन्न कराना है, ताकि स्थानीय निवासियों और आगंतुकों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े।





































